दुर्गा पूजा 2026 में बड़े बदलाव! महाअष्टमी को शराब पूरी तरह बैन, विसर्जन में डीजे म्यूजिक पर भी रोक
पश्चिम बंगाल सरकार ने दुर्गा पूजा 2026 के लिए कई नए नियम जारी कर दिए हैं। इन नियमों से त्योहार का माहौल पहले से थोड़ा अलग रहने वाला है। सरकार का मकसद है कि पूजा पारंपरिक, शांत और व्यवस्थित तरीके से मनाई जाए।
महाअष्टमी को शराब पर पूरी रोक
19 अक्टूबर को महाअष्टमी है। इस दिन पूरे राज्य में शराब की दुकानें और बार बंद रहेंगे। न तो शराब बिकेगी और न ही बार खुले रहेंगे। महाअष्टमी पूजा का सबसे महत्वपूर्ण दिन माना जाता है। इस दिन लोग पंडालों में अंजलि देते हैं और धार्मिक अनुष्ठान करते हैं। सरकार ने इसी पवित्रता को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया है।
विसर्जन में डीजे म्यूजिक नहीं चलेगा
दुर्गा पूजा और मूर्ति विसर्जन के जुलूसों में डीजे सिस्टम चलाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। पारंपरिक ढोल-नगाड़े और बाजे चल सकते हैं, लेकिन हाई-वॉल्यूम डीजे म्यूजिक नहीं बजेगा। सरकार का कहना है कि इससे शोर कम होगा और त्योहार का पारंपरिक रूप बना रहेगा।
सड़कें ब्लॉक करने पर रोक
पूजा कमेटियों को साफ निर्देश दिया गया है कि वे सड़कों या नेशनल हाईवे को ब्लॉक न करें। कोलकाता में पूजा के दौरान पहले से ही ट्रैफिक की समस्या रहती है। इस नियम से आम लोगों और यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
रेड रोड कार्निवल इस साल नहीं
पिछले कई सालों से विजयादशमी के बाद रेड रोड पर दुर्गा पूजा कार्निवल होता था, जिसमें अवॉर्ड विजेता मूर्तियों का प्रदर्शन होता था। इस साल यह कार्निवल नहीं होगा।
विसर्जन घाट पर क्रेन मना
मूर्ति विसर्जन के दौरान घाटों पर क्रेन का इस्तेमाल भी प्रतिबंधित कर दिया गया है। सरकार ने भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा को प्राथमिकता दी है।
याद रखने लायक तारीखें
- महाअष्टमी: 19 अक्टूबर
- महानवमी: 20 अक्टूबर
- विजयादशमी: 21 अक्टूबर
कोलकाता और बंगाल आने वाले पर्यटकों को इन नियमों का खास ध्यान रखना चाहिए। महाअष्टमी वाले दिन शराब नहीं मिलेगी और विसर्जन के समय डीजे की धूम नहीं रहेगी। बावजूद इसके दुर्गा पूजा का उत्साह और भव्यता पहले जैसी ही रहने वाली है।
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